व्यक्तित्व मापन (Personality Measurement)

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व्यक्तित्व मापन (Personality Measurement)

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व्यक्तित्व मापन की विधियां (Methods Personality Measurement)

  • व्यक्तित्व मापन की विधियां की दो विधियां होती है।
  1. प्रक्षेपी विधियाँ (Projective Methods)
  2. अप्रक्षेपी विधियाँ (Non-Projective Methods)

क. प्रक्षेपी विधियाँ (Projective Methods)

  • इन विधियों द्वारा व्यक्ति के अचेतन मन (Unconscious Mind) की परतों, दमित इच्छाओं और छिपी हुई ग्रंथियों का पता लगाया जाता है।
  • इसमें व्यक्ति के सामने अस्पष्ट उद्दीपक (Stimulus) प्रस्तुत किए जाते हैं।

प्रक्षेपी विधियों के प्रकार (Types Projective Methods)

  1. रोर्शा स्याही धब्बा परीक्षण (Rorschach Ink Blot Test – I.B.T.)
  2. प्रासंगिक अंतर्बोध परीक्षण (Thematic Apperception Test – T.A.T.)
  3. बाल अंतर्बोध परीक्षण (Children’s Apperception Test – C.A.T.)
  4. वाक्य पूर्ति परीक्षण या कहानी पूर्ति परीक्षण (Sentence Completion Test – S.C.T.)
  5. शब्द साहचर्य परीक्षण (Word Association Test – W.A.T.)

रोर्शा स्याही धब्बा परीक्षण (Rorschach Ink Blot Test – I.B.T.)

प्रतिपादक: हरमन रोर्शा (Hermann Rorschach) – 1921 (स्विट्जरलैंड)।

कुल कार्डों की संख्या: 10 (5 पूरी तरह काले व सफेद, 2 काले, सफेद व लाल तथा 3 बहुरंगी/Multi-colored)।

उपयोग: मानसिक रूप से अस्वस्थ और संवेगात्मक रूप से असंतुलित व्यक्तियों के लिए।

प्रासंगिक अंतर्बोध परीक्षण (Thematic Apperception Test – T.A.T.)

प्रतिपादक: मॉर्गन एवं मुर्रे (Morgan & Murray) – 1935 (अमेरिका)।

कुल कार्डों की संख्या: 31 (30 चित्रों वाले कार्ड + 1 खाली/सादा कार्ड)।

नोट: 10 कार्ड पुरुषों के लिए, 10 महिलाओं के लिए और 10 दोनों के लिए कॉमन होते हैं। परीक्षा में कुल प्रयुक्त कार्डों की संख्या 30+1 के रूप में याद रखें।

बाल अंतर्बोध परीक्षण (Children’s Apperception Test – C.A.T.)

प्रतिपादक: लियोपोल्ड बैलक (Leopold Bellak) – 1948।

कुल कार्डों की संख्या: 10 (इन सभी 10 कार्डों पर जानवरों के चित्र बने होते हैं)।

आयु वर्ग: 3 वर्ष से 11 वर्ष के बच्चों के व्यक्तित्व मापन हेतु उपयुक्त।

वाक्य पूर्ति परीक्षण या कहानी पूर्ति परीक्षण (Sentence Completion Test – S.C.T.)

प्रतिपादक: पाइन एवं टेंडलर (Pine & Tendler) – 1930।

विधि: व्यक्ति को अधूरे वाक्य दिए जाते हैं जिन्हें वह अपने मन के विचारों के अनुसार पूरा करता है (जैसे: “मुझे सबसे ज्यादा डर लगता है जब…”)।

शब्द साहचर्य परीक्षण (Word Association Test – W.A.T.)

जनक: फ्रांसिस गाल्टन (Francis Galton) – 1879। इसे आधुनिक रूप कार्ल युंग (Jung) ने 1910 में 100 शब्दों की सूची के साथ दिया।

ख. अप्रक्षेपी विधियाँ (Non-Projective Methods)

इन विधियों में व्यक्ति के चेतन मन (Conscious Mind) का मापन किया जाता है। इन्हें दो भागों में बांटा गया है:

  1. आत्मनिष्ठ या वैयक्तिक विधियाँ (Subjective Methods)
  2. वस्तुनिष्ठ विधियाँ (Objective Methods)

1. आत्मनिष्ठ या वैयक्तिक विधियाँ (Subjective Methods)

  • जीवन इतिहास विधि (Case History / Case Study Method)
  • प्रश्नावली विधि (Questionnaire Method)
  • साक्षात्कार विधि (Interview Method)
  • आत्मकथा विधि (Autobiography Method):

जीवन इतिहास विधि (Case History / Case Study Method):

  • इसके प्रतिपादक टाइडमैन (Tiedemann) हैं।
  • उपयोग मुख्यतः समस्याग्रस्त बालकों (Problem Children), अपराधियों व मानसिक रोगियों के नैदानिक अध्ययन हेतु होता है।

प्रश्नावली विधि (Questionnaire Method):

  • आधुनिक रूप के जनक रॉबर्ट वुडवर्थ (Woodworth) हैं। (प्राचीन काल में सुकरात थे)।
  • इसके चार प्रकार होते हैं:
  1. बंद (Closed)
  2. खुली (Open)
  3. चित्रित (Pictorial)
  4. मिश्रित (Mixed)

साक्षात्कार विधि (Interview Method):

  • आमने-सामने बैठकर शील गुणों का पता लगाना।

आत्मकथा विधि (Autobiography Method):

  • व्यक्ति द्वारा स्वयं के जीवन का क्रमबद्ध विवरण लिखना।

2. वस्तुनिष्ठ विधियाँ (Objective Methods)

  1. समाजमिति विधि (Sociometry Method)
  2. क्रम निर्धारण मान या निर्धारण मापनी (Rating Scale):
  3. निरीक्षण या अवलोकन विधि (Observation Method):

समाजमिति विधि (Sociometry Method)

प्रतिपादक जे. एल. मोरेनो (J. L. Moreno – 1934) हैं।

  • इसके द्वारा किसी समूह में व्यक्ति की सामाजिकता, लोकप्रियता या उपेक्षा का ग्राफिकल मापन (Sociogram) किया जाता है।

क्रम निर्धारण मान या निर्धारण मापनी (Rating Scale):

  • प्रतिपादक थर्स्टन (Thurstone) हैं।
  • इसमें शील गुणों की तीव्रता को 3-बिंदु या 5-बिंदु स्केल पर मापा जाता है।

निरीक्षण या अवलोकन विधि (Observation Method):

  • प्रतिपादक जे. बी. वाटसन (J.B. Watson)
  • व्यक्ति के व्यवहार का बाहरी रूप से निष्पक्ष अवलोकन करना।

3. परीक्षा के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण ‘Direct Hit’ कोर फैक्ट्स

16-PF प्रश्नावली (16 Personality Factors):

  • इस सुप्रसिद्ध प्रश्नावली का निर्माण आर. बी. कैटल (R.B. Cattell) द्वारा किया गया था।
  • यह व्यक्तित्व के 16 प्राथमिक शील गुणों (Traits) को मापता है।

अंतर्मुखी, बहिर्मुखी और उभयमुखी (Introvert, Extrovert, Ambivert)

  • वर्गीकरण: यह मनोवैज्ञानिक लक्षणों पर आधारित सर्वाधिक प्रामाणिक वर्गीकरण है जिसे कार्ल युंग (Carl Jung) ने प्रतिपादित किया था।

मनोविश्लेषणवादी सिद्धांत (Psychoanalytic Theory):

  • सिगमंड फ्रायड (Sigmund Freud) ने मन की तीन अवस्थाएं (चेतन, अर्धचेतन, अचेतन) बताईं और व्यक्तित्व संरचना के मूल आधार इदम (Id), अहं (Ego), और परम-अहं (Superego) को माना।

Type A और Type B व्यक्तित्व:

  • यह वर्गीकरण फ्रीडमैन और रोजनमैन (Friedman & Rosenman) द्वारा किया गया।

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